Sirmaur Uday

विचार से विकास

प्रदेश सरकार द्वारा प्राकृतिक खेती को प्रोत्साहित करने के लिए नई पहल,सिरमौर के 42 किसानों से खरीदी 178 क्वींटल प्राकृतिक खेती से उत्पादित गेहूं

प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के नेतृत्व में प्रदेश सरकार सभी वर्गा के कल्याण के लिए वचनबद्ध है जिसमें विशेषकर किसानों, बागवानों और पशुपालकों के उत्थान के लिए अनेकों कल्याणकारी योजनाएं क्रियान्वित की जा रही हैं।
प्रदेश सरकार द्वारा प्राकृतिक खेती को प्रोत्साहित करने के लिए नई पहल आरम्भ की गई है, जिसके तहत प्रदेश को समृद्ध और आत्मनिर्भर बनाने की परिकल्पना भी सार्थक सिद्ध होगी। किसान कल्याण को प्रमुख रखते हुए समृद्ध किसान-समृद्ध हिमाचल को पहले स्थान पर रखा है। प्रदेश सरकार ने प्राकृतिक खेती करने वाले किसानों के उत्पादों को प्राथमिकता के आधार पर खरीदने तथा देश में सबसे अधिक समर्थन मूल्य भी निर्धारित किया गया है। जिसके तहत गेहूं का समर्थन मूल्य भी निर्धारित किया गया है जिसके तहत गेहूं का समर्थन मूल्य 60 रुपये, मक्की का 40 रुपये जबकि हल्दी का समर्थन मूल्य 90 रुपये प्रति किलो के हिसाब से तय किया गया है।
परियोजना निदेशक (आतमा) सिरमौर साहब सिंह ने बताया कि इस वर्ष प्रदेश सरकार के दिशा-निर्देशानुसार 15 मई से 25 मई, 2025 तक जिला सिरमौर में नाहन तथा पांवटा साहिब में प्राकृतिक खेती से उत्पादित गेहूं 60 रुपये प्रति किलो ग्राम खरीद केन्द्रों से खरीदा जा रहा है इसके अतिरिक्त किसानों को 2 रुपये प्रति किलो के हिसाब से भाडा भी दिया जा रहा है।
उन्होंने बताया कि इस वर्ष जिला में 275 क्विंटल गेहूं, तथा 25 क्विंटल हल्दी खरीदने का लक्ष्य रखा गया है जिसके तहत आज तक 42 किसानों से 178 क्वींटल गेहूं जबकि 8 किसानों से 20 क्वींटल हल्दी खरीदी गई।